ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी व निचले क्षेत्रों में बारिश होने से तापमान में भारी गिरावट..रिपोर्ट- लक्ष्मण नेगी

ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी व निचले क्षेत्रों में बारिश होने से तापमान में भारी गिरावट..रिपोर्ट- लक्ष्मण नेगी
0 0
Read Time:3 Minute, 54 Second

              ऊखीमठ : केदारघाटी के हिमालयी क्षेत्रों में बर्फबारी व निचले क्षेत्रों में बारिश होने से जनजीवन अस्त – व्यस्त हो गया है। हिमालयी क्षेत्रों में निरन्तर बर्फबारी होने से सम्पूर्ण भू-भाग शीतलहर की चपेट में आ गया है। निचले क्षेत्रों में लगातार बारिश होने से ग्रामीण घरों में कैद रहने को विवश हो गये हैं, जबकि शहरी क्षेत्रों में जनमानस अलाव के सहारे दिन गुजार रहा है। आने वाले दिनों में यदि मौसम का मिजाज इसी प्रकार रहा तो सीमान्त क्षेत्र भी बर्फबारी से लदक होने की सम्भावना बनी हुई है। बता दें कि केदार घाटी के हिमालयी क्षेत्रों में मंगलवार रात्रि से बर्फबारी गिरने शुरू हो गयी थी, जिससे केदारनाथ, मदमहेश्वर, तुंगनाथ, वासुकी ताल, मनणामाई तीर्थ, पाण्डव सेरा, नन्दी कुण्ड, विसुणीलाल, राकसीडांडा सहित ऊंचाई वाले क्षेत्र बर्फबारी से लदक हो गयें है।

          हिमालयी क्षेत्रों सहित ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी व निचले क्षेत्रों में बारिश होने से तापमान में भारी गिरावट महसूस की जा रही है। बर्फबारी व बारिश होने से सीमान्त गांवों के पशुपालकों की मुश्किलें बढ़ती जा रही है क्योंकि पशुपालकों के सन्मुख चारा पत्ती का संकट बना हुआ है। निचले क्षेत्रों में निरन्तर बारिश होने से तापमान में भारी गिरावट महसूस होने से ग्रामीण घरों में कैद होने के लिए विवश हो गये हैं। आने वाले दिनों में यदि मौसम का मिजाज इसी तरह रहा तो त्रियुगीनारायण, गौरीकुण्ड, चौमासी, गौण्डार, गडगू, सारी, देवरियाल, मोहनखाल, कार्तिक स्वामी , घिमतोली सहित ऊंचाई वाले हिल स्टेशन व गाँव बर्फबारी से लदक होने की सम्भावनाओं से इनकार नहीं किया जा सकता है! बुरूवा गाँव के भेड़ पालक बीरेन्द्र सिंह का कहना है कि मदमहेश्वर घाटी के निचले इलाकों में बारिश होने से पशुपालकों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। तल्ला नागपुर ग्वास की काश्तकार उमा देवी का कहना है कि क्षेत्र में हो रही बारिश काश्तकारों की फसलों के लिए शुभ मानी जा रही है मगर ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी होने से तापमान में भारी गिरावट महसूस की जा रही है।

        तोषी निवासी जगत सिंह रावत ने बताया कि हिमालयी क्षेत्रों में लगातार बर्फबारी होने से लोग घरों कैद रहने के लिए विवश हो गये है! राऊलैंक निवासी राकेश नेगी ने बताया कि मदमहेश्वर धाम के यात्रा पड़ाव नानौ भी बर्फबारी से लदक हो गया है। मोहनखाल के व्यापारी वासुदेव सिंह ने बताया कि राकसीडांडा तक बर्फबारी हो चुकी है तथा आने दिनों में यदि मौसम का मिजाज इसी प्रकार रहा तो मोहनखाल भी बर्फबारी से लदक हो सकता है ।

Happy
Happy
0 %
Sad
Sad
0 %
Excited
Excited
0 %
Sleepy
Sleepy
0 %
Angry
Angry
0 %
Surprise
Surprise
0 %

admin

Related Posts

Average Rating

5 Star
0%
4 Star
0%
3 Star
0%
2 Star
0%
1 Star
0%

Leave a Reply

Your email address will not be published.

Read also x

error: Content is protected !!